ढाई वर्षों में सरगुजा जिले में 2387 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्य स्वीकृत हुये
अंबिकापुर। दो दिवसीय रामगढ़ महोत्सव के समापन समारोह में सरगुजा पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा पिछले ढाई वर्षों में सरगुजा जिले में 2387 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्य स्वीकृत हुए हैं। लोगों के अच्छे घर का सपना आज पूरा हो रहा है, 18 लाख परिवारों को प्रधानमंत्री आवास की स्वीकृति प्रदान की गई है। प्रतिदिन 1600 आवास बनकर तैयार हो रहे हैं। आमजनों की समस्याओं के निदान के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शुरू किया गया है, इसमें समस्याओं का निपटारा भी हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने बस्तर के परिप्रेक्ष्य में कहा कि, यह क्षेत्र भी प्राकृतिक दृष्टि से बहुत सुंदर है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन व गृहमंत्री की दृढ़ इच्छाशक्ति और जवानों के अदम्य साहस से नक्सलवाद समाप्त करने में सफलता मिली है। पुनर्वासित नक्सलियों को भी आवास दिए जा रहे हैं। पीवीटीजी समुदायों को अलग से आवास दिए जा रहे हैं। किसानों के हित में 31 सौ रुपये प्रति क्विंटल धान का कीमत दे रहे हैं, 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान की खरीदी हो रही है। 13 लाख किसानों को दो साल का बकाया बोनस प्रदान किया गया है। महतारी वंदन योजना के तहत एक हजार रुपये प्रतिमाह महिलाओं के खाते में अंतरित हो रहा है। रामलला दर्शन योजना के तहत 49 हजार से ज्यादा लोगों को दर्शन कराया गया है। तीर्थयात्रा दर्शन योजना के लिये देश में 19 जगह चयनित किये गये हैं, बुजुर्ग जहां जाना चाहेंगे वहां भेजेंगे। विभिन्न विभागों में युवाओं को नौकरी दिलाने वैकेंसी निकल रही है।
समापन समारोह में लुण्ड्रा विधायक प्रबोध मिंज, सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो, विधायक प्रतापपुर शकुंतला पोर्ते, विधायक सामरी उद्देशवरी पैंकरा, छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष विश्व विजय सिंह तोमर, अध्यक्ष पुरातात्विक डॉ. एम. कालीमुथु, जिला पंचायत अध्यक्ष निरूपा सिंह, उपाध्यक्ष देवनारायण यादव, महापौर मंजूषा भगत, सभापति हरमिंदर सिंह टिन्नी, जनपद पंचायत अध्यक्ष ओमप्रकाश सिंह, उपाध्यक्ष सिद्धार्थ सिंह, जिला पंचायत सदस्य राईमुनिया कुरियाम एवं राधा रवि, पूर्व सांसद कमलभान सिंह, सरपंच प्रदीप सिंह, नंदराम के अलावा पुलिस महानिरीक्षक दीपक झा, कलेक्टर अजीत वसंत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश अग्रवाल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी विनय कुमार अग्रवाल, विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।
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दो दिवसीय रामगढ़ महोत्सव का समापन समारोह रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों से सराबोर रहा। कार्यक्रम में स्कूली छात्र-छात्राओं एवं कलाकारों ने लोकनृत्य, नाटक व गीत-संगीत की शानदार प्रस्तुतियाँ दीं। पूरे वातावरण में उत्साह, भक्ति और उल्लास की मनोहारी छटा बिखरी रही। कार्यक्रम में श्री राम के भक्तिमय गीत-संगीत की प्रस्तुतियों से वातावरण राममय हुआ। जांजगीर चाम्पा जिले के शांति प्रतिमा डांस ग्रुप की महिषासुर मर्दिनी नृत्य नाटिका की शानदार प्रस्तुति ने खूब तालियां बटोरीं। कस्तूरबा गांधी विद्यालय लखनपुर की छात्राओं ने मेघदूतम पर आधारित नृत्य नाटिका की मनमोहक प्रस्तुत दी। साई म्यूजिकल पारम्परिक नृत्य समूह ने हनुमानजी की लीला, रामभजन एवं शबरी प्रसंग पर नृत्य नाटिका की प्रस्तुति दी। प्रकाश रसीला ने लोक गीत एवं वाद्य यंत्र की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में स्टार ग्रुप ने सामूहिक नृत्य, शास्वती बनर्जी ने नृत्य, जागृति म्युजिकल ग्रुप (विस्वा) ने लोक संगीत, कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय ने बैंड, कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय ने राजस्थानी नृत्य, शा.उ.मा. विद्यालय सलका उदयपुर ने सरगुजिहा नृत्य, कन्या छात्रावास उदयपुर ने आदिवासी नृत्य, सेजेस उदयपुर द्वारा सामूहिक नृत्य की प्रस्तुति दी गई। वहीं शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय झिरमिटी उदयपुर ने सामूहिक नृत्य, वियन्नी अंग्रेजी माध्यम विद्यालय झिरमिटी उदयपुर ने सामूहिक नृत्य, बृजेश शर्मा ने भजन, संदीप गोस्वामी ने लोक गीत भजन, लालसाय सरगुजिहा पार्टी ने छत्तीसगढ़ी लोक नृत्य, बीजीएम म्युजिकल ग्रुप ने सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी। देर शाम तक चले इन कार्यक्रमों ने दर्शकों को उत्सव स्थल पर बांधे रखा।
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‘राम वाटिका
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सरगुजा प्रवास के दौरान विकासखंड उदयपुर स्थित रामगढ़ के फॉरेस्ट रेस्ट हाउस ‘राम वाटिकाÓ में स्थापित भगवान श्री राम की प्रतिमा को नमन करके आशीर्वाद प्राप्त किया और प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की, इसके साथ ही उन्होंने  ‘एक पेड़ मां के नाम 3.0Ó अभियान के अंतर्गत रुद्राक्ष का पौधारोपण किया। मुख्यमंत्री ने ‘एक पेड़ मां के नामÓ अभियान को मातृशक्ति एवं प्रकृति के प्रति श्रद्धा तथा आत्मीय जुड़ाव का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि मां के नाम पर लगाया गया एक पौधा न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सार्थक पहल है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं हरित भविष्य की सुदृढ़ आधारशिला भी है। उन्होंने आमजन से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक पौधे लगाएं तथा उनके संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प लें, ताकि जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना करते हुए प्रकृति के संतुलन को बनाए रखा जा सके। भगवान श्री राम की प्रतिमा को नमन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभु श्री राम का जीवन मर्यादा, सत्य, त्याग एवं कर्तव्यपरायणता का अनुपम आदर्श है, जो युगों-युगों से समस्त मानवता का मार्गदर्शन करता आ रहा है। उन्होंने उपस्थित जनसमुदाय से प्रभु श्री राम द्वारा प्रशस्त आदर्श पथ पर चलते हुए सेवा, सद्भाव एवं समर्पण के भाव से समाज एवं राष्ट्र के उत्थान में सहभागी बनने का आह्वान किया।

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