सूरजपुर में दो मामला दर्ज होने के बाद गांधीनगर थाने में एक और अपराध दर्ज
फोटो-प्रकाशित समाचार निकालेंगे आज के अखबार का

अंबिकापुर। पुलिस और वन विभाग में नौकरी लगाने का झांसा देकर दो अलग-अलग लोगों से शातिर पिता-पुत्र के द्वारा की गई 10 लाख रुपये की ठगी का मामला समाचार की सुर्खियां बनने के बाद और भी पीड़ित सामने आ रहे हैं, जो इनके द्वारा दिए गए नौकरी के झांसे में आकर रुपये दांव पर लगा दिए, लेकिन उन्हें नौकरी नहीं मिली। सूरजपुर कोतवाली थाना में दो मामला इनके विरूद्ध दर्ज होने के बाद एक और मामला अंबिकापुर के गांधीनगर थाना में पुलिस ने दर्ज किया है।
बेरोजगारी के अभिशाप से मुक्ति दिलाने के नाम पर पीएचई में लेखापाल के पद पर पदस्थ पिता के साथ पुत्र ने कई लोगों को लाखों की चपत लगाई है। इन्होंने अपने करीबियों को भी नहीं बख्सा है। गांधीनगर, अंबिकापुर निवासी दीपक सिंह पिता रमेश प्रसाद सिंह 32 वर्ष ने पुलिस को बताया है कि उसका हेमंत कुमार नेताम पिता मोहित राम नेताम 31 वर्ष, निवासी कॉलेज रोड सूरजपुर से कई साल से पारिवारिक रिस्ता था। घर तक आना-जाना होने के कारण इन्हें मालुम था कि उसे नौकरी की आवश्यकता है। इस वजह से हेमंत कुमार नेताम उसके घर आकर मंत्रालय में जान-पहचान होने की बात कहकर झांसे में लिया और नौकरी लगवा देने के लिए आश्वस्त किया। हेमंत कुमार नेताम की बातों में दीपक सिंह के स्वजन आ गए और उसके पिता से डेढ़ लाख रुपये नगद ले लिया। इसके बाद वह नौकरी लगने के लिए बार-बार आश्वासन दे रहा था। 20 जनवरी 2025 को हेमंत फोन करके बताया कि उनका काम रूक गया है, और 50 हजार रुपये की जरूरत है। इसके बाद 21 जनवारी 2025 को वह तत्काल अपने मोबाइल नंबर से ऑनलाइन 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिया। कुल दो लाख रुपये प्राप्त होने के बाद दीपक नौकरी लगने का इंतजार करते रह गया, वहीं हेमंत कुमार नेताम कॉल एवं मैसेज के माध्यम से बार-बार नौकरी लगने के लिए निश्चिंत रहने का आश्वासन देते रहा, फिर फोन उठाना बंद कर दिया। आरोपी ने पूर्व के जान-पहचान को दरकिनार करते हुए मोबाइल में संदेश भेजकर धमकी दी कि उसके विरूद्ध कुछ करने पर वह पहचान, बुरा-भला नहीं देखेगा। जब वह थाने में जाकर शिकायत करने के लिए कहा तो 10 मई तक पैसे वापस करने का मोहलत मांगने लगा, लेकिन रुपये वापस नहीं किया। 16 मई को दीपक को समाचार के माध्यम से पता चला कि हेमन्त और उसके पिता का नाम नौकरी के नाम पर रुपये की ठगी के मामले में सामने आया है, और उसके विरूद्ध पुलिस अपराध दर्ज की है। इसके बाद वह गांधीनगर थाना पहुंचकर इसकी रिपोर्ट दर्ज कराया है। इसके पहले सूरजपुर कोतवाली पुलिस ने दो अलग-अलग आवेदकों के आवेदन पर कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता-पुत्र के विरूद्ध 10 लाख रुपये की ठगी करने का केस दर्ज किया था। इनके द्वारा जिस प्रकार शातिराना अंदाज से करीबियों सहित अन्य से नौकरी के नाम पर लाखों रुपये की उगाही की गई है, इससे और भी ठगी के शिकार लोगों का नाम सामने की संभावना बनी हुई है।

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