अंबिकापुर। मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरिक्षण को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय राजीव भवन में सोमवार 3 नवंबर को विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन हुआ। इसमें सरगुजा जिले के सभी वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं के साथ सांगठनिक ब्लॉक अध्यक्ष एवं नवगठित मंडलों के अध्यक्ष सहित कांग्रेस के मोर्चा, विभाग एवं प्रकोष्ठ के अध्यक्षों को विशेष गहन पुनरिक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया को समझाते हुए उन्हें प्रशिक्षित किया गया।
पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव की अध्यक्षता में आयोजित प्रशिक्षण सत्र में एसआईआर के प्रत्येक पहलुओं को सूक्ष्मता से समझाते हुए पार्टी के नेताओं और कार्यकार्ताओं को प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण सत्र की शुरुआत करते हएु कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने कहा कांग्रेस ने सरगुजा जिले के 787 मतदान केन्द्रों में शत-प्रतिशत पार्टी के बूथ लेवल एजेंट की नियुक्ति कर दी है। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी और मण्डल अध्यक्षों को उन्होंने निर्देशित किया कि बूथ लेवल एजेंट को जनहित में एसआईआर की प्रक्रिया में पूर्ण सक्रियता के साथ मतदाताओं की सहायता करने तत्पर रहना है। एसआईआर की पूरी प्रक्रिया को समझाते हुए कांग्रेस प्रवक्ता अनूप मेहता ने बताया कि वर्ष 2003 के विशेष पुनरिक्षण में तैयार मतदाता सूचि में अगर किसी मतदाता का या उसके माता-पिता का नाम है, तो उसे किसी और दस्तावेज को गणना प्रपत्र के साथ देने की आवश्यकता नहीं है। ऐसे में 2003 में दर्ज नाम का एक्सट्रैक्ट निकाल कर उसे गणना प्रपत्र के साथ संलग्न करना ही पर्याप्त रहेगा। निर्वाचन विभाग नेे बीएलओ को मतदाताओं की सहायता करने के निर्देश दिए हैं। निर्वाचन विभाग के साथ हुई बैठक का हवाला देते हुए कांग्रेस प्रवक्ता अनूप मेहता ने प्रशिक्षण में जानकारी दी कि लगभग 70 प्रतिशत मतदाताओं का ऐसा रिकार्ड गणना प्रपत्र के साथ संलग्न करना उचित रहेगा। कांग्रेस प्रवक्ता ने यह भी जानकारी दी कि जिस मतदाता का जन्म 1 जुलाई 1987 के पूर्व हुआ है, अगर उसका नाम 2003 की मतदाता सूचि में नहीं है तो उसे स्वयं के जन्म एवं निवास से संबंधित दस्तावेज देना होगा। जिनका जन्म 1 जुलाई 1987 से 2 दिसंबर 2004 के मध्य हुआ है, उन्हें स्वयं के साथ ही साथ उनके माता या पिता में से किसी एक का जन्म और निवास से संबंधित दस्तावेज देना होगा। जिन मतदाताओं का जन्म 2 दिसंबर 2004 के बाद हुआ है उन्हें अपने साथ अपने माता-पिता दोनों के जन्म एवं निवास से संबंधित दस्तावेज देने होंगे। 4 नवंबर से 4 दिसंबर के मध्य बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं को 2 प्रति में गणना प्रपत्र उपलब्ध कराएंगे और भरे हुए गणना प्रपत्र और दस्तावेजों को घर-घर जाकर एकत्र करेंगे। अगर किसी कारणवश कोई मतदाता इस अवधि में गणना प्रपत्र प्रस्तुत नहीं कर पाता है तो वह 8 नवंबर से 7 नवंबर के दावा आपत्ति की अवधि में फार्म 6 और उसका घोषणापत्र भरकर अंतिम मतदाता सूचि में अपना नाम जुड़वा सकता है।
मतदाताओं को खुद को वैध साबित करने की बात अन्यायपूर्ण-सिंहदेव
प्रशिक्षण सत्र को संबोधित करते हुए पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने कहा कि चुनाव आयोग ने इस एसआईआर की प्रक्रिया में मतदाताओं पर यह बोझ डाल दिया है कि वो खुद को वैध मतदाता साबित करें। यह बात इस देश के मतदाताओं का अनादर करने के साथ अन्यायपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पूर्व में देश में 8 बार मतदाता सूचियों का विशेष पुनरिक्षण हुआ, किंतु कभी भी मतदाता पर यह भार नहीं होता था कि वो खुद को वैध साबित करे। यदि किसी मतदाता को लेकर कोई आपत्ति आती थी तो चुनाव आयोग उसकी जांच कर उस मतदाता की वैधता और अवैधता पर विचार करता था। इस एसआईआर की प्रक्रिया में मतदाताओं पर ही बोझ डाल दिया गया है। उन्होंने मतदाताओं से अपील की है कि गणना प्रपत्र के साथ जमा किए जा रहे दस्तावेजों का विवरण गणना प्रपत्र में दर्ज कर उसकी पावती प्राप्त करें। उन्होंने कांग्रेस के सभी वरिष्ठ-कनिष्ठ पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं को, विशेष तौर पर बीएलए को आम मतदाताओं के मदद के लिए तत्पर और तैयार रहने का निर्देश दिया।

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