कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने अस्पताल प्रबंधन से की चर्चा, कर्मचारी नहीं लौटे काम पर
अंबिकापुर। राजमाता श्रीमती देवेन्द्र कुमारी सिंहदेव शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय संबद्ध जिला अस्पताल में सफाई व्यवस्था को ठेका पर देने के विरोध में हड़ताल कर रहे सफाई कर्मचारियों के समर्थन में मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी की स्वास्थ्य समिति ने पूर्व महापौर डॉ. अजय तिर्की के नेतृत्व में प्रभारी अस्पताल अधीक्षक से मुलाकात करके उन्हें ज्ञापन सौंपा। इन्होंने बताया कि नई व्यवस्था में आयु सीमा तय करने से दशकों से सेवा देने वाले कई कर्मचारियों के भविष्य पर खतरा मंडरा रहा है। वहीं ठेकेदार के द्वारा किसी प्रकार का दुर्व्यवहार कर्मचारियों के साथ न किया जाए, इसके लिए भी दिशानिर्देश दिया जाना चाहिए।
बता दें कि राजमाता देवेन्द्र कुमारी सिंहदेव मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने अस्पताल की सफाई व्यवस्था का ठेकाकरण कर दिया है। इसके कारण अस्पताल में 15-20 वर्षों से कार्य कर रहे सफाई कर्मचारियों की आजीविका पर संकट की स्थिति निर्मित हो गई है। जीवनदीप समिति के फंड से कलेक्टर दर पर ये सफाई कर्मचारी लंबे समय से कार्य कर रहे थे। मेडिकल कॉलेज से अस्पताल के संबद्ध होने के बाद जीवनदीप समिति अस्तित्व में नहीं है। ठेका व्यवस्था अपनाने और नए कर्मचारियों के लिए अधिकतम 40 वर्ष की आयु सीमा तय करने से इन 150 कर्मचारियों पर बेरोजगारी का खतरा मंडरा रहा था, इस कारण वे हड़ताल पर हैं। पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव के निर्देश पर मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा डॉ. अजय तिर्की के नेतृत्व में बनाई गई स्वास्थ्य कमेटी ने मंगलवार को मेडिकल कॉलेज अस्पताल जाकर हड़ताली सफाई कर्मचारियों से मुलाकात करके अस्पताल अधीक्षक को कर्मचारियों के हित में ज्ञापन सौंपा। चर्चा के दौरान इन सफाई कर्मचारियों ने जानकारी दी कि ठेका पद्धति में यह नियम बनाया गया है कि 40 वर्ष से अधिक आयु के लोगों को काम पर नहीं रखा जाएगा। इस नियम के कारण पूर्व से कार्यरत 150 सफाई कर्मचारियों में से अधिकांश के समक्ष रोजगार की समस्या उत्पन्न हो जाएगी। सफाई कर्मचारियों का कहना है कि ठेका व्यवस्था के बाद संभावना है कि ठेकेदार उनके मौजूदा वेतन में कटौती करके भुगतान करेगा, उन्हें ड्रेस का खर्च खुद वहन करना पड़ेगा। साप्ताहिक अवकाश नहीं मिलेगा एवं बीमारी की वजह से काम पर नहीं आने पर ठेकेदार उन्हें सेवा से बेदखल कर देगा। सफाई कार्य का ठेका पाने वाले ठेकेदार के व्यवहार पर भी इन कर्मचारियों ने असंतोष जताया और गंभीर आरोप लगाए। प्रतिनिधिमंडल में डॉ. अजय तिर्की के साथ ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के अध्यक्ष विनय शर्मा, अनूप मेहता और गुरुप्रीत सिद्धू मौजूद रहे।
बगैर ईपीएफ कटौती के रखें काम पर
कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने प्रभारी अस्पताल अधीक्षक डॉ. रेलवानी से चर्चा करके कहा कि इस व्यवस्था के बाद किसी कर्मचारी को बेरोजगार न किया जाए। 40 वर्ष की आयु सीमा के शर्त को समाप्त किया जाए। प्रभारी अस्पताल अधीक्षक डॉ. जेके रेलवानी ने बताया कि 40 नहीं बल्कि 50 वर्ष की आयु सीमा का प्रावधान है, इससे अधिक आयु सीमा के कर्मचारियों का ईपीएफ नहीं काटा जा सकता है। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने उन्हें सुझाव दिया कि आम कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति आयु की तरह नियम सफाई कर्मचारियों के लिए भी लागू किया जाए और 50 वर्ष से अधिक आयु के सफाई कर्मचारी को बगैर ईपीएफ कटौती के ही काम पर रखने की व्यवस्था बनाई जाए।
गलत व्यवहार करने पर होगा ठेका निरस्त
कांग्रेस के प्रतिनिधि मंडल से संवाद के बाद अस्पताल प्रबंधन ने आश्वासन दिया है कि मौजूदा सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति के बाद ही नए सफाई कर्मचारियों की भर्ती नई ठेका पद्धति में की जाएगी। अस्पताल प्रबंधन ठेका पद्धति में कार्यरत कर्मचारियों के हितों का ध्यान रखेगा। ठेकेदार के आचरण को लेकर सफाई कर्मचारियों की शिकायत पर अस्पताल प्रबंधन ने कहा है कि अगर ठेकेदार गलत व्यवहार करेगा तो ठेका निरस्त कर दिया जाएगा। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने भी सफाई कर्मचारियों के द्वारा ठेकेदार के आचरण को लेकर की गई शिकायत को गंभीरता से लिया है। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे डॉ. अजय तिर्की ने सफाई कर्मचारियों से कहा है कि ठेकेदार अगर अनुचित आचरण करता है तो इसकी शिकायत लेकर हमारे पास आइए, हम आपके लिए न्याय की लड़ाई लड़ेंगे।

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